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ओस कण पर जब उदीयमान सूर्य की किरणें पड़ती हैं, ओस कण से सतरंगी किरणें निकलने लगती हैं जो एक मनोहारी दृश्य प्रस्तुत करता है साथ ही शीतल सुखद एहसास भी प्रदान करता है।
इन्हीं उद्देश्यों की पूर्ति हेतु ओस टाइम्स आपके समक्ष प्रस्तुत है जो समाचार, विचार, समसामयिक लेख, चिंतन, मनोरंजन, स्वास्थ्य, ज्योतिष, वास्तु, खेल के सभी आयामों का खजाना अविराम उपलब्ध कराता रहेगा।
तभी तो बदलते परिवेश की ख़बरें महिला जगत, बाल जगत की खबरें नए नए शोध एवं खोज की खबरे भी ओस टाइम्स का खास आकर्षण होगा।

 

ओस कण पर जब उदीयमान सूर्य की किरणें पड़ती हैं, ओस कण से सतरंगी किरणें निकलने लगती हैं जो एक मनोहारी दृश्य प्रस्तुत करता है साथ ही शीतल सुखद एहसास भी प्रदान करता है।
इन्हीं उद्देश्यों की पूर्ति हेतु ओस टाइम्स आपके समक्ष प्रस्तुत है जो समाचार, विचार, समसामयिक लेख, चिंतन, मनोरंजन, स्वास्थ्य, ज्योतिष, वास्तु, खेल के सभी आयामों का खजाना अविराम उपलब्ध कराता रहेगा।
तभी तो बदलते परिवेश की ख़बरें महिला जगत, बाल जगत की खबरें नए नए शोध एवं खोज की खबरे भी ओस टाइम्स का खास आकर्षण होगा।

मानव का स्वभाव मूलरूप से विनाशकारी है, पर्यावरणविद व वैज्ञानिक के तर्क -नवमीत

मानव का स्वभाव

मानव का स्वभाव मूलरूप से विनाशकारी है, पूँजीवाद और महाविनाश की आहट पृथ्वी यूँ तो ब्रह्माण्ड का एक बहुत ही छोटा सा हिस्सा है। लेकिन साथ ही यह सबसे विशिष्ट हिस्सा भी है। इस विशिष्टता का कारण यह है कि पृथ्वी ही एकमात्र ज्ञात स्थान है जहाँ ब्रह्माण्ड की सबसे …

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भगत सिंह । मेरा साथी, मित्र और नेता (एक यादगार पल) : शिव वर्मा

भगत सिंह

एक दिन प्रात: जब मैं कमरे में बैठा कालेज का काम पूरा कर रहा था तो सुना बाहर पड़ोसी से कोई मेरा पता पूछ रहा है। अपना नाम सुनकर मैं बाहर निकल आया, देखा मैला शलवार-कमीज पहने कम्बल ओढ़े एक सिख नौजवान ( भगत सिंह ) सामने खड़ा है- लंबा कद, …

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कमजोर : विश्‍व प्रसिद्ध कथाकार अंतोन चेखव की लघुकथा …(हिसाब चुकता)

कमजोर

कमजोर : आज मैं अपने बच्चों की अध्यापिका यूलिमा वार्सीयेव्जा का हिसाब चुकता करना चाहता था। ”बैठ जाओ, यूलिमा वार्सीयेव्जा।” मेंने उससे कहा, ”तुम्हारा हिसाब चुकता कर दिया जाए। हाँ, तो फैसला हुआ था कि तुम्हें महीने के तीस रूबल मिलेंगे, हैं न?” ”नहीं,चालीस।” ”नहीं तीस। तुम हमारे यहाँ दो …

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मेक इन इण्डिया ’ : वीवो इण्डिया में मज़दूरों का शोषण और उत्पीड़न

मेक इन इण्डिया

मेक इन इण्डिया ’ वीवो इण्डिया में मज़दूरों का शोषण और उत्पीड़न सिजो जॉय और अनुष्का सिंह सचिव, पीयूडीआर मेक इन इण्डिया ’ अभियान और बहुराष्ट्रीय कम्पनियों को भारत में निर्माण करने के लिए न्यौता देने से रोज़गार पैदा होने के इसके दावे को काम के भयावह और अमानवीय ‘अवसरों’ …

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हे नारद, मेरी सुनो (कविता) – उदय मोहन पाठक (अधिवक्ता)

हे नारद

हे नारद ‘ : आजादी के इतने वर्ष बीत जाने जाने के बाद भी जब शोषित, पीड़ित, गरीब, लोगों को देखता हूँ तो मन में एक भाव आता है कि कोई ऐसा बहुजन हिताय कार्य करने वाला मसीहा अवतरित हो जो इनके पीड़ा को हर ले और समाज में समानता …

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न्यूजीलैंण्ड के एक लेखक ! भारत में व्यापक रूप से फैंलें भष्टाचार पर -विनोद कुमार

ब्रयान, न्यूजीलैंण्ड

दुनिया के भ्रष्टाचार मुक्त देशों में शीर्ष पर गिने जाने वाले न्यूजीलैंण्ड के एक लेखक ब्रायन ने भारत में व्यापक रूप से फैंलें भष्टाचार पर  एक लेख लिखा है। न्यूजीलैंण्ड का यह लेख सोशल मीडि़या पर काफी वायरल हो रहा है। न्यूजीलैंण्ड के इस लेख की लोकप्रियता और प्रभाव को …

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हर साल की भांति इस साल भी (व्यंग्य) –उदयमोहन पाठक (अधिवक्ता)

हर साल की भांति इस साल भी

हर साल की भांति इस साल भी यह संवाद सूनते-सुनते अरसा गुजर गया। कभी उकताहट होती है कि लोग इसे बदलते क्यों नहीं? एक जगह ग्रामीण मेला लगा हुआ था। मेले में ही माइॅक से आवाज गूँज रही थी। ‘‘ हर साल की भांति इस साल भी’ सुनकर अच्छा लगा …

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हिंदी दिवस की साजिश से बाहर निकलकर अंग्रेजी पढ़ना शुरू करो- सूरज कुमार बौद्ध

हिंदी दिवस

शासकों के ‘ हिंदी दिवस ‘ की साजिश से बाहर निकलकर अंग्रेजी पढ़ना शुरू करो- सूरज कुमार बौद्ध भाषाओं का दिवस मनाने से भाषाएं राष्ट्रीय या अंतराष्ट्रीय नहीं होती हैं। जिस भाषा में लचीलता होती है वह स्वतः जनमानस को स्वीकार्य हो जाता है। हिंदी भाषा अंग्रेजी के मुकाबले कठिन …

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चिलकोट रिपोर्ट : कभी-कभी मच्छर को मारने के लिये तोप का इस्तेमाल किया जाता है

चिलकोट रिपोर्ट

चिलकोट रिपोर्ट: च्यूँटी तक नहीं काटती -शिवार्थ पाठकों की जानकारी के लिए – चिलकोट जांच कमेटी या इराक जांच कमेटी ब्रिटिश सरकार द्वारा इराक युद्ध में भागीदारी की जांच पड़ताल करने के लिए बनायी कमेटी थी। ये 2009 में बनी थी व 2016 में इसने अपनी रिपोर्ट को सार्वजनिक किया। …

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शार्क और छोटी मछलियां : धर्मं भी अवश्य होगा… बेर्टोल्‍ट ब्रेष्ट की लघुकथा

शार्क और छोटी मछलियां

“यदि शार्क मनुष्‍य हो जाएं तो क्‍या वे छोटी मछलियों से भला व्‍यवहार करेंगी?” श्रीयुत के. की मकानमालकिन की छोटी पुत्री ने उनसे पूछा। ‘अवश्‍य’, उसने उत्‍तर दिया, यदि शार्क मनुष्‍य हो जाएं तो वे छोटी मछलियों के लिए मजबूत बक्‍से बनवा देंगी। उन बक्‍सों में वे सब प्रकार के …

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SOCIAL MEDIA : अब साहब को सोशल मीडिया से एलर्जी होने लगी -सूरज कुमार बौद्ध

SOCIAL MEDIA

अमित शाह……ब जी, अब सोशल मीडिया ( SOCIAL MEDIA ) से इतनी बौखलाहट क्यों नेताओं की सियासत -बोलो मत, सिर्फ झेलो। राजनीति भी अजीब होती है। राजनेता तो उससे भी अजीब होते हैं। दरअसल राजनीति एक बिजनेस की तरह है। जैसे बिजनेसमैन कोई भी बात अपने नफे-नुकसान के आधार पर …

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हाई कोलेस्ट्रॉल हृदय रोग के लिए जिम्मेदार अकेला फैक्टर नहीं -रिपोर्ट

हाई कोलेस्ट्रॉल

क्‍या हार्ट अटैक का कारण हाई कोलेस्ट्रॉल है? स्‍वास्‍थ्‍य से जुड़े कुछ मुद्दों पर एक जनपक्षधर डॉक्‍टर की राय इन टिप्‍पणियों के लेखक ‘डॉ नवमीत’ एमएम मेडिकल कॉलेज सोलन, हिमाचल प्रदेश में कार्यरत हैं डॉक्‍टर कितने लैबोरेट्री टेस्‍ट यूँ ही लिखते हैं? असल में हाई कोलेस्ट्रॉल हृदय रोग के लिए …

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मोदी सरकार के वैज्ञानिक तथ्य-विश्लेषण आधारित कुछ भविष्यवाणियाँ! -कात्यायनी

मोदी सरकार

मोदी सरकार के सवा तीन वर्ष पूरे हो चुके हैं व मोदी के सत्‍तासीन होने के छह महीने बाद लिखे गये इस लेख में से अब तक बहुत सारी वैज्ञानिक भविष्‍यवाणियां सही साबित हो चुकी हैं। आने वाले चार-पाँच वर्षों के दौरान: विदेशों में जमा काला धन का एक पाई …

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फेक न्यूज़ पैदा करने की फैक्ट्री: ​दैनिक भारत डॉट ओआरजी -विगुल

फेक न्यूज़

दैनिक भारत डॉट ओआरजी नामक वेबसाईट ने कल जेएनयू छात्रसंघ चुनाव में एबीवीपी की विजय की खबर चलाई. इसके शेयर और स्क्रीनशॉट को फैलाने वालों की बाढ़ आ गयी. एक मंत्री कैलाश विजयवर्गीय महोदय भी इसकी चपेट में आ गये. अब तक तो आप जान ही गए हैं कि जेएनयू …

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जाति विरोधी संघर्षों के बिना भारत में क्रान्ति सम्भव नहीं! -बिगुल

जाति उन्मूलन

भारत में जाति व्यवस्था : उद्भव, विकास और उन्मूलन का सवाल’ विषय पर परिचर्चा भारत में बिना क्रान्ति जाति उन्मूलन सम्भव नहीं, ‘गत 12 फ़रवरी को हरियाणा के रोहतक शहर के ‘आर्इएमए हाउस’ में अखिल भारतीय जाति विरोधी मंच की ओर से ‘भारत में जाति व्यवस्था : उद्भव, विकास और उन्मूलन …

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स्मार्ट सिटी के नाम पर कच्ची बस्तियों से लोगों को खदेड़ना शुरू -मुनीश मैन्दोला

स्मार्ट सिटी

स्मार्ट सिटी के नाम पर जयपुर आदि शहरों में एक-एक करके कच्ची बस्तियों से लोगों को खदेड़ना शुरू राजस्थान के जयपुर में पिछले कुछ दिनों से स्मार्ट सिटी के नाम पर कच्ची बस्तियों को हटाने का सरकारी अभियान शुरू किया गया है। कुण्डा, सिरसी रोड, खड्डा बस्ती, झालाना इन्दिरा नगर आदि …

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सीवरेज गटर और पाइपों की सफ़ाई भारत में आज भी बिना मशीनों के ही होते है -श्‍वेता

सीवरेज गटर और पाइपों की सफ़ाईकर्मी

 सीवरेज गटर साफ़ करने के दौरान सफ़ाईकर्मियों की मौतों का जि़म्मेदार कौन? जोगिन्दर, अन्नू, राजेश, जहाँगीर, एजाज़, रामबाबू, वेंकेटेश्वर राव, मानस, विभूति। ये उन चन्द लोगों के नाम हैं जिन्हें अपनी जि़न्दगी एक बेहद अमानवीय, नारकीय, अपमानजनक, घिनौने पेशे के कारण गँवानी पड़ी। इन सभी की मौत पिछले कुछ दिनों …

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भीम युद्ध की आहट को अब पहचान लेना चाहिए: बेजुबानों ने बोलना शुरु कर दिया

भीम युद्ध

भीम युद्ध की आहट: भविष्य का समतामूलक समाज दिखाई दे रहा है…: सूरज कुमार बौद्ध देश को तथाकथित नजरिए से ही सही पर आजाद हुए 70 साल हो चुके हैं लेकिन भारत की बहुसंख्य आबादी आज भी दाने दाने को मोहताज है। भारत की गिनती आज भी भूखमरी से पीड़ित …

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मेडिकल कॉलेज ( बीआरडी ) में 40 बच्चों की मौत : ज़िम्मेदार कौन -मजदूर बिगुल

मेडिकल कॉलेज ( बीआरडी )

मेडिकल कॉलेज ( बीआरडी )में ऑक्सीजन की सप्लाई रोक दिये जाने की वजह से 40 बच्चों की मौत 11 अगस्त की ख़बर है कि गोरखपुर के मेडिकल कॉलेज ( बीआरडी ) में ऑक्सीजन की सप्लाई रोक दिये जाने की वजह से 40 बच्चों की मौत हो गयी। ये सभी बच्चे …

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धर्म की क्षय : तुम्हारे धर्म की क्षय-महाविद्रोही राहुल सांकृत्यायन का लेख

धर्म की क्षय

राहुल सांकृत्यायन की ये (तुम्‍हारी क्षय) पुस्‍तक, लेख का एक हिस्‍सा (तुम्‍हारे धर्म की क्षय) यहां दिया जा रहा है वैसे तो धर्मों में आपस में मतभेद है। एक पूरब मुँह करके पूजा करने का विधान करता है, तो दूसरा पश्चिम की ओर। एक सिर पर कुछ बाल बढ़ाना चाहता …

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